रात्रि चौपाल द्वारा गांव, गरीब से संवाद भाजपा की संस्कृति – डॉ० महेन्द्र नाथ पाण्डेय

भाजपा सरकार और संगठन के समन्वय से चौपालों के द्वारा गांव, गरीब के सुझाव व शिकायतों से तैयार होगा गांव के विकास का रोड मैप

सैफई के शहजादे की समझ से परे है महात्मा गांधी एवं विनोवा भावे की ग्राम स्वराज की कल्पना को मूर्तरूप देना

लखनऊ 25 अप्रैल 2018, भारतीय जनता पार्टी प्रदेश अध्यक्ष डॉ० महेन्द्र नाथ पाण्डेय ने कहा कि सैफई की फूहडता को गांव और गरीब का उत्कर्ष मानने वाले अखिलेश यादव को भाजपा संगठन और सरकार का गांव गरीब के बीच रात्रि चौपाल में जाना ढोंग ही लगेगा। डॉ० पाण्डेय ने कहा कि अखिलेश यादव यदि गरीबो, पिछड़ो और वंचितो के बीच पहुंचे होते तो सत्ता से उनकी बेदखली न हुई होती। भारतीय जनता पार्टी का मूल सिद्धांत ही सत्ता के केन्द्र को गरीब की चौखट तक पहुंचाना है। सैफई के शहजादे को प्रदेश के मुख्यमंत्री, मंत्री, सांसद, विधायक एवं भाजपा पदाधिकारियों व कार्यकर्ताओं का गांव में गरीबों, दलितो, पिछड़ों के बीच जाकर उनकी समस्या का समाधान करना यदि ढोंग लगता है तो इसमें गलती उनके राजनीतिक परिवेश की है जिसमें सत्ता का अर्थ शहंशाह या शहजादे की अनुभूति है।

भाजपा प्रदेश अध्यक्ष डॉ० महेन्द्र नाथ पाण्डेय ने कहा कि हार की हताशा से हताश सपा दरक चुके समाजवादी किले को सहजने की कोशिश में लगी हुई है। अमूमन मीडिया से दूरी बनाए रखने वाली बहिन मायावती भी अब मीडिया फ्रेंडली बनने की कोशिश कर रही है। प्रधानमंत्री मा. नरेन्द्र मोदी जी ने बाबा साहब भीमराव रामजी आम्बेडकर की जयन्ती से ग्राम स्वराज अभियान प्रारम्भ किया, जिसमें प्रत्येक जनप्रतिनिधि, मुख्यमंत्री, भाजपा के राष्ट्रीय, प्रदेश, जिला पदाधिकारी ‘जनता की सरकार जनता के द्वार’ का ध्येय लेकर जन-जन के दर पहुॅच रहे है। महात्मा गांधी, आचार्य विनोबा भावे ने जिस ग्राम स्वराज की कल्पना की थी मोदी जी उसे मूर्तरूप देने का काम कर रहे है। जनता के बीच जाकर उनके सुझाव से सरकार चलाना अनुकरणीय है। सपा-बसपा-कांग्रेस को दुराग्रह और विरोध जनित रोग से मुक्त होकर भाजपा की जनसेवा की राजनीति का अनुसरण करना चाहिए।